पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने विधानसभा क्षेत्र के साण्डेराव मंडल अंतर्गत ग्राम लापोद में ग्राम सेवा सहकारी समिति लिमिटेड के नवनिर्मित गोदाम का विधिवत लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों और ग्रामीणों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
मंत्री कुमावत ने बताया कि आधुनिक सुविधाओं से युक्त इस गोदाम का निर्माण अन्न भंडारण योजना के तहत किया गया है, जिसकी भंडारण क्षमता 500 मीट्रिक टन है। यह गोदाम राज्य सरकार की बजट घोषणा वर्ष 2024-25 के अंतर्गत स्वीकृत हुआ था। उन्होंने कहा कि गोदाम के निर्माण से किसानों को अपनी उपज सुरक्षित रखने की सुविधा मिलेगी तथा उन्हें फसल कटाई के तुरंत बाद कम कीमत पर उपज बेचने की मजबूरी से राहत मिलेगी।
एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत किया पौधारोपण
पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए मंत्री कुमावत ने परिसर में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत पौधारोपण किया। उन्होंने उपस्थित लोगों से पौधारोपण के साथ-साथ पौधों की नियमित देखभाल करने का भी आह्वान किया।

विकास कार्यों का किया निरीक्षण
लोकार्पण समारोह से पूर्व मंत्री ने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने नवनिर्मित गोदाम का अवलोकन करने के साथ कस्टमर हायरिंग सेंटर में उपलब्ध आधुनिक कृषि उपकरणों का निरीक्षण किया। साथ ही निर्माणाधीन ग्राम सेवा सहकारी समिति कार्यालय भवन की गुणवत्ता का जायजा लेकर अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में सुनी ग्रामीणों की समस्याएं
कार्यक्रम के दौरान आयोजित जनसुनवाई में लापोद एवं आसपास के गांवों से पहुंचे ग्रामीणों ने पानी, बिजली, सड़क, गोपालन तथा अन्य विकास कार्यों से जुड़ी समस्याएं मंत्री के समक्ष रखीं। मंत्री कुमावत ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश दिए।
इस अवसर पर पाली केंद्रीय सहकारी बैंक के एमडी प्रशांत कल्ला, जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि महिराज सिंह चाणोद, जोराराम देवासी, शंकर सिंह राजपुरोहित, शिवराज सिंह बिठिया, मुकेश मोदी, ग्राम सेवा सहकारी समिति अध्यक्ष कपूराराम चौधरी, उपाध्यक्ष देवी सिंह मेड़तिया, धन्न सिंह राजपुरोहित, वरिष्ठ प्रबंधक धर्मेंद्र कुमावत, उप सरपंच खंगाराम देवासी, पुराराम राठौड़ सहित बड़ी संख्या में किसान एवं ग्रामीण मौजूद रहे।
